घरेलू चुते और मोटे लंड Chapter 1

  घरेलू चुते और मोटे लंड  Chapter  1 संसार में बूर और लंड का रिश्ता सबसे प्यारा होता है | लंड हमेशा से ही अपनी पत्नी और गर्लफ्रेंड की बूरों से अपनी प्यास बुझाते आये हैं, ठीक वैसे ही बूरें भी अपने पति और बॉयफ्रेंड से अपनी प्यास बुझती आईं हैं | लेकिन बुर या … Read more

सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री Chapter 5

        सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री  Chapter 5  सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री ” अब क्या कहते हो गुरु ” वापसी मे विकास ने पूछा. ” कहने को बचा ही क्या है दिलजले ” कहते वक़्त विजय के होंठो पर मुस्कान थी,” साबित हो गया कि सरकार दंपति बेकसूर है, उन्हे फँसाया गया था … Read more

सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री Chapter 4

              सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री  Chapter 4 विजय ने पूछा,” किसने किया “ ” मुझे नही मालूम “ ” नही ” एक अन्य आदमी बोला,” मेरे ख़याल से उसने इन भाई साहब पर हमला नही किया, उसने किसी पर भी हमला नही किया, अजीब पागल आदमी था साला, उसने … Read more

सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री Chapter 3

          सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री  Chapter 3 ” ये बाते तुम्हे कहाँ से पता चली “ ” कान्हा के दोस्तो ने बताया था, लेकिन बताने से पहले उन्होने अपना नाम ना खोलने की शर्त रखी थी, उनके घरवालो को पता लगा तो उन्होने तो घोर आपत्ति उठा दी, बल्कि सीधे-सीधे ये … Read more

चोरी का माल Chapter 5

        चोरी का माल  Chapter 5 तीन पत्ती गुलाब भाग 27 आप सभी तो बहुत गुणी और अनुभवी हैं पर एक बात आपको बता देता हूँ कई बार मिठाई के साथ अगर बीच में नमकीन खा लिया जाए तो आनन्द दुगना नहीं चार गुणा हो जाता है। कुछ लड़कियों और शादीशुदा औरतों … Read more

चोरी का माल Chapter 4

                  चोरी का माल  Chapter 4 Yesterday, 02:24 PM, #31 desiaks   Administrator Posts: 20,934 Threads: 1,095 Joined: Aug 2015 RE: Sex Vasna चोरी का माल तीन पत्ती गुलाब भाग-17 गौरी ने एक नज़र मेरे अर्ध उत्तेजित लंड पर डाली और फिर अपनी मुंडी झुका ली। अब मैंने … Read more

चोरी का माल Chapter 2

                चोरी का माल Chapter  2 माया मेमसाब (भाग-3) अब तक आपने पढा माया चलो दूध ना पिलाओ! एक बार अपने होंठों का मधु तो चख लेने दो प्लीज?’ ‘ना बाबा ना… केहो जी गल्लां करदे ओ… किस्से ने वेख लया ते? होर फेर की पता होंठां दे … Read more

चोरी का माल Chapter 3

                    चोरी का माल Chapter 3 इस वाक्य का अर्थ मेरी समझ में नहीं आ रहा था। पता नहीं गौरी मेरे बारे में क्या सोचती होगी? क्या पता उसे मेरी मेरी इन भावनाओं का पता है भी या नहीं? पर मुझे नहीं लगता वो इतनी नासमझ … Read more

चोरी का माल Chapter 1

                    चोरी का माल  Chapter 1 लव यू कम्मों मैं उन दिनों गांव में अपनी दीदी के घर आया हुआ था. उनके पास काफ़ी जमीन थी, जीजा की उससे अच्छी आमदनी थी. उनकी लड़की कमली भी जवान हो चली थी. कमली बहुत तेज लड़की थी, बहुत समझदार … Read more

सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री Chapter 5

        सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री  Chapter 5  सबसे बड़ी मर्डर मिस्ट्री ” अब क्या कहते हो गुरु ” वापसी मे विकास ने पूछा. ” कहने को बचा ही क्या है दिलजले ” कहते वक़्त विजय के होंठो पर मुस्कान थी,” साबित हो गया कि सरकार दंपति बेकसूर है, उन्हे फँसाया गया था … Read more