तारक मेहता का नंगा चश्मा

 तारक मेहता का नंगा चश्मा दया :- फोन उठाइए….उठाते क्यूँ नही.. जेठालाल :- तेरे में अकल है….नॉनसेन्स….फोन सोफे के अंदर है कैसे उठाऊ… दया :- पता नही कौन है फालतू जो सुबह सुबह फोन कर रहा है.. जेठालाल :- फालतू…अरे ज़रूरी काम होगा तभी फोन कर रहा है ना… दया :- सॉरी.. बापूजी :- जेठा … Read more

तारक मेहता का नंगा चश्मा

 तारक मेहता का नंगा चश्मा गोकुल धाम सोसाइटी गोकुलधाम सोसाइटी की पहली सुबह….सोसाइटी के बुजुर्ग श्री चंपकलाल गाड़ा हर सुबह की तरह बालकनी में कुल्ला करने आते हैं और हर बार की तरह नीचे से भिड़े यानी कि आत्मराम तुकारम भिड़े नीचे से गुजर रहे होते हैं… जैसे ही बाबूजी कुल्ला करते हैं वो सीधे … Read more